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  • मुस्लिम औरतें हिजाब पहने या नहीं, इस मुद्दे को लेकर ईरान में जबर्दस्त कोहराम मचा हुआ है। जगह-जगह हिजाब के विरूद्ध प्रदर्शन हो रहे हैं। कई लोग हताहत हो चुके हैं। तेहरान विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं ने हड़ताल कर दी है। ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह खोमनई के खिलाफ खुले-आम नारे लग रहे हैं। विभिन्न शहरों […] The post ईरान में हिजाब पर कोहराम appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • विश्व सफाई दिवस- 24 सितम्बर, 2022 पर विशेष ललित गर्ग हर साल 24 सितंबर को विश्व सफाई दिवस होता है, इस दिवस का उद्देश्य सफाई कार्यों में भाग लेने के लिए समाज के सभी क्षेत्रों को प्रोत्साहित एवं प्रेेरित करके कुप्रबंधित अपशिष्ट संकट के बारे में जागरूकता बढ़ाना है। व्यक्तियों, सरकारों, निगमों और संगठनों को सफाई […] The post स्वच्छता से ही स्वस्थ एवं सशक्त भारत संभव appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • कश्मीरी पंडित समुदाय के जिन सामाजिक कार्यकर्त्ताओं और नेताओं की चर्चा और प्रशंसा मुक्त-कंठ से होती है, उनमें उल्लेखनीय हैं: सर्वश्री कश्यप बन्धु,शिवनारायण फोतेदार,बीरबल धर,श्यामलाल सराफ,गोपी कृष्ण,टीकालाल टपलू आदि।इसी श्रृंखला में श्री अश्विनी कुमार चरंगू का नाम भी बड़े आदर के साथ लिया जा सकता है।इस आलेख में अश्विनीजी के व्यक्तित्व-कृतित्व तथा उनके योगदान को […] The post कश्मीरी पंडित नेता अश्विनी कुमार चरंगू appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  •  ललित गर्ग उत्तर प्रदेश विधानसभा ने गुरुवार को पूरा एक दिन महिला जन प्रतिनिधियों को समर्पित कर नारी शक्ति को जो सम्मान दिया है, उसका संदेश दूर तक जाएगा। यह एक अनुकरणीय प्रयोग है जिससे नारी की योग्यता, क्षमता एवं राजनीतिक कौशल को एक नयी पहचान दी गयी है। यह भारतीय विधायी इतिहास का ऐतिहासिक […] The post प्रजातंत्र के इतिहास में नारी सम्मान का अमिट आलेख appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • अगर ऊर्जा क्षेत्र में कोयले पर निर्भरता चरणबद्ध तरीके से की जाती है कम तो साल 2050 तक हो सकती है बिजली की कीमत आधी एक नए वैज्ञानिक अध्ययन से पता चलता है कि अगर भारत बिजली क्षेत्र में चरणबद्ध तरीके से अपनी कोयले पर निर्भरता कम करता है तो न सिर्फ साल 2040 की शुरुआत से […] The post आधी हो सकती है बिजली की कीमत appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • (लिमटी खरे) विज्ञान लोगों के वरदान है तो अभिषाप से कम भी नहीं है। जब से इंटरनेट आया है तब से सायबर ठगी के प्रकरणों में इजाफा हुआ है। आज के समय में आपकी पूरी दुनिया आपके मोबाईल के अंदर ही कैद होकर रह गई है। युवा वर्ग की आंखें तो दिन में छः से […] The post बहुत ही करीने से आपका पासवर्ड और कुकीज को चोरी करता है यह वायरस appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • –मनमोहन कुमार आर्य                 मनुष्य जीवन परमात्मा से हम सबको अपनी आत्मा और शरीर की उन्नति के लिये मिला है। आत्मा की उन्नति का साधन सत्य ज्ञान की प्राप्ति सहित उसके अनुरूप आचरण करना है। ईश्वर के ध्यान, चिन्तन, उपासना को सन्ध्या कहा जाता है। सन्ध्या का अर्थ है ईश्वर का भली भांति ध्यान करना […] The post स्वस्थ, सुखी व दीर्घ जीवन का आधार सन्ध्योपासना व इसके मन्त्रों का अर्थ सहित चिन्तन appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  •                                                                                                                        निर्मल रानी                                            पुरुषों द्वारा महिलाओं पर अत्याचार,उनका शोषण व उत्पीड़न करने की अनेक घटनायें आये दिन सुर्ख़ियों में रहती हैं। अक्सर महिलाओं द्वारा संगठित होकर ऐसे अपराधों व अपराधियों के विरुद्ध आवाज़ भी उठाई जाती है। ऐसे अवसरों पर महिलाओं के प्रति सहानुभूति रखने वाले व उनके मान सम्मान व महिला अधिकारों की क़द्र करने वाले तमाम पुरुष,युवक व छात्र उनके साथ उनकी आवाज़ से आवाज़ मिलाते भी देखे जाते हैं। क्योंकि हर न्यायप्रिय मानवतावादी पुरुष यह भी जानता है कि वह भी किसी महिला का पुत्र उसका भाई,पति या पिता है। महिलाओं की शिकायतों के समाधान हेतु सरकार द्वारा महिला आयोग गठित किये गये हैं। कई जगह महिला थाने बनाये गये हैं।  परन्तु हमारे ही देश में यह कहावत भी ख़ूब प्रचलित है कि औरत की सबसे बड़ी दुश्मन औरत ही होती है। ज़ाहिर है आम भारतीय परिवारों में प्रायः होने वाले सास-बहू,ननद-भाभी,जेठानी आदि से होने वाले घरेलू झगड़ों के चलते यह कहावत प्रचलन में आई होगी। यह भी सच है कि एक महिला अपनी बहू से बेटा पैदा करने के लिये जितनी आस लगाकर रखती है उतना उसका बेटा भी नहीं रखता। और ख़ुदा न ख़्वास्ता किसी औरत ने एक या दो तीन बेटियों को लगातार जन्म दे दिया तो सबसे अधिक सास की नज़रों में वह बहू खटकने लगती है। उसकी नज़रों से गिर जाती है। जहालत भरी इस सोच ने न जाने कितने घरों को बर्बाद किया है। तमाम बहुओं को इन्हीं परिस्थितियों में ख़ुदकशी तक करनी पड़ी है। नारी संबंधी अपराध की भी यदि पड़ताल करें तो हमारे ही समाज में अनेकानेक ऐसी महिलायें भी मिलेंगी जो कभी प्रेमिका के रूप में दूसरी महिला का घर उजाड़ देती हैं। कहीं महिलायें ही युवतियों को देह व्यापर में धकेल देती हैं, कहीं पेशेवर अपराधी बनकर महिलायें समाज को कलंकित करती और वह भी महिलाएं ही होती हैं जो अपने नवजात शिशुओं विशेषकर नवजात कन्याओं को कभी कूड़े के ढेर पर तो कभी नालों में कुत्तों के नोचने के लिये फेंक आती हैं। और यदि ऐसी ही विकृत व घृणित मानसिकता की कोई लड़की कॉलेज या विश्वविद्यालय तक पहुँच जाये तो कितनी ही लड़कियों की […] The post जब बेटी हो बेटी की दुश्मन,तब बेटी को कौन बचाये ? appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • डॉ. मयंक चतुर्वेदी पंजाब के मोहाली स्थित चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी में छात्राओं के नहाने का वीडियो वायरल होने पर पंजाब में ही नहीं बल्‍कि देश भर में सर्वत्र इसकी चर्चा होने के साथ ही सभ्‍य समाज बुरी तरह आक्रोशित है । घटना के सामने आने के बाद से लगातार विरोध-प्रदर्शन हो रहे हैं, किंतु हम सभी […] The post भारतीय नारी, ज्ञान परम्‍परा और देश में घट रहीं एमएमएस जैसी घटनाएं appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • हंसाने वाला ही नहीं रहा तो दुनिया हंसेगी कैसे। राजू श्रीवास्तव लोगों को हंसाते-हंसाते रुला कर चले गए। अस्पताल में 42 दिन के लंबे संघर्ष के बाद उन्होंने जिंदगी को अलविदा कह दिया। राजू का जाना पूरी हंसी की दुनिया का खामोश होना है। एक ऐसे दौर में राजू श्रीवास्तव का चले जाना बेहद पीड़ादायक […] The post अलविदा राजू’ थोड़ी हंसी बचा कर रखना ! appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • गणेश चतुर्थी – 31 अगस्त, 2022 पर विशेष -ललित गर्ग-भगवान गणेश भारतीय संस्कृति के अभिन्न अंग हैं, वे सात्विक देवता हैं और विघ्नहर्ता हैं। वे न केवल भारतीय संस्कृति एवं जीवनशैली के कण-कण में व्याप्त है बल्कि विदेशों में भी घर-कारों-कार्यालयों एवं उत्पाद केन्द्रों में विद्यमान हैं। हर तरफ गणेश ही गणेश छाए हुए है। […] The post सुखी एवं समृद्ध जीवन के आधार है गणेशजी appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • पयुर्षण महापर्व- 24-31 अगस्त, 2022 पर विशेष – ललित गर्ग –पयुर्षण पर्व जैन समाज का आठ दिनों का एक ऐसा महापर्व है जिसे खुली आंखों से देखते ही नहीं, जागते मन से जीते हैं। यह ऐसा मौसम है जो माहौल ही नहीं, मन को पवित्रता में भी बदल देता है। आधि, व्याधि, उपाधि की चिकित्सा कर […] The post आत्मा को ज्योतिर्मय करने का पर्व पयुर्षण appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव-जन्माष्टमी- 19 अगस्त 2022 पर विशेष-ललित गर्ग – भगवान श्रीकृष्ण हमारी संस्कृति के एक अद्भुत एवं विलक्षण राष्ट्रनायक हैं। श्रीकृष्ण का चरित्र एक लोकनायक का चरित्र है। वह द्वारिका के शासक भी है किंतु कभी उन्हंे राजा श्रीकृष्ण के रूप में संबोधित नहीं किया जाता। वह तो ब्रजनंदन है। समाज एवं राष्ट्र व्यवस्था […] The post श्रीकृष्ण सच्चे अर्थों में राष्ट्रनायक हैं appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • 11 अगस्त 2022 को रक्षाबंधन के पावन पर्व पर विशेष आलेख भारत में वैसे तो पूरे वर्ष भर ही कई प्रकार के धार्मिक, आध्यात्मिक, सामाजिक त्यौहार मनाए जाते हैं परंतु रक्षाबंधन का त्यौहार विशेष महत्व का त्यौहार माना जाता है। भारतीय सनातन हिंदू धर्म संस्कृति के अनुसार रक्षाबन्धन का त्योहार श्रावण मास की पूर्णिमा को […] The post सामाजिक समरसता को बढ़ावा देता है रक्षाबंधन का त्यौहार appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  •  राखी के त्योहार का मतलब केवल बहन की दूसरों से रक्षा करना ही नहीं होता है बल्कि उसके अधिकारो और सपनों की रक्षा करना भी भाई का कर्तव्य होता है, लेकिन क्या सही मायनों में बहन की रक्षा हो पाती है। आज के समय में राखी के दायित्वों की रक्षा करना बेहद आवश्यक हो गया […] The post भाई-बहन के अटूट रिश्ते के क्या है मायने ? appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • 13 जुलाई 2022 गुरु पूर्णिमा भारतीय सनातन हिंदू संस्कृति में आस्था रखने वाले व्यक्तियों के लिए उनके जीवन में गुरु का स्थान सबसे ऊंचा माना गया है। परम पूज्य गुरुदेव जीवन में आने वाले विभिन्न संकटों से न केवल उबारते हैं बल्कि इस जीवन को जीने की कला भी सिखाते हैं ताकि इस जीवन को […] The post गुरु समान परम पवित्र भगवा ध्वज appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • -मनमोहन कुमार आर्यमहाभारत के बाद ऋषि दयानन्द ने भारत ही नहीं अपितु विश्व के इतिहास में वह कार्य किया है जो संसार में अन्य किसी महापुरुष ने नहीं किया। अन्य महापुरुषों ने कौन सा कार्य नहीं किया जो ऋषि ने किया? इसका उत्तर है कि ऋषि दयानन्द ने अपने कठोर तप व पुरुषार्थ से सृष्टि […] The post ऋषि दयानन्द वेदज्ञान देकर सब मनुष्यों को परमात्मा से मिलाना चाहते थे appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • मनमोहन कुमार आर्यवेद ज्ञान को कहते हैं। वेद इस सृष्टि के आदि काल में प्राप्त ज्ञान हैं। यह संहिता रूप में है जो आज भी उपलब्ध हैं। अनुमान है कि चार वेदों के हिन्दी भाष्य प्रायः सभी सक्रिय आर्य समाज के सदस्यों के पास उपलब्ध हैं। प्रश्न है कि वेदों के ज्ञान को किसने कब […] The post ईश्वर में निहित वेदों का ज्ञान आदि सृष्टि में ईश्वर से ऋषियों को मिला appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • -आचार्य चतुरसेन गुप्त जी की पुस्तक से–मनमोहन कुमार आर्य, देहरादून।आर्यसमाज के विद्वान कीर्तिशेष आचार्य चतुरसेन गुप्त जी ने कई वर्ष पूर्व एक पुस्तक ‘महान् आर्य हिन्दू-जति विनाश के मार्ग पर’ पर लिखी थी। इस पुस्तक का एक संस्करण 17 वर्ष पूर्व सम्वत् 2062 (सनू् 2005) में श्री घूडमल प्रहलादकुमार आर्य धर्मार्थ ट्रस्ट, हिण्डोन सिटी से […] The post संस्कृत वांग्मय का ह्रास appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • -मनमोहन कुमार आर्यहम इस बने बनाये संसार में रहते हैं। हमें मित्रों, हितैशियों, सहयोगियों व सुख-दुःख बांटने वालें सज्जन व संस्कारित मनुष्यों की आवश्यकता पड़ती है। हमारे परिवार के लोग हमारे सहयोगी रहते हैं। कुछ यदा-कदा विरोधी भी हो सकते हैं व हो जाते हैं। हमारे माता-पिता, पत्नी एवं बच्चे प्रायः सहयोगी रहते ही हैं। […] The post ईश्वर हमारा सबसे अधिक हितैषी एवं जन्म-जन्मान्तर का साथी है appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • गणेश चतुर्थी – 31 अगस्त, 2022 पर विशेष -ललित गर्ग-भगवान गणेश भारतीय संस्कृति के अभिन्न अंग हैं, वे सात्विक देवता हैं और विघ्नहर्ता हैं। वे न केवल भारतीय संस्कृति एवं जीवनशैली के कण-कण में व्याप्त है बल्कि विदेशों में भी घर-कारों-कार्यालयों एवं उत्पाद केन्द्रों में विद्यमान हैं। हर तरफ गणेश ही गणेश छाए हुए है। […] The post सुखी एवं समृद्ध जीवन के आधार है गणेशजी appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • पयुर्षण महापर्व- 24-31 अगस्त, 2022 पर विशेष – ललित गर्ग –पयुर्षण पर्व जैन समाज का आठ दिनों का एक ऐसा महापर्व है जिसे खुली आंखों से देखते ही नहीं, जागते मन से जीते हैं। यह ऐसा मौसम है जो माहौल ही नहीं, मन को पवित्रता में भी बदल देता है। आधि, व्याधि, उपाधि की चिकित्सा कर […] The post आत्मा को ज्योतिर्मय करने का पर्व पयुर्षण appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव-जन्माष्टमी- 19 अगस्त 2022 पर विशेष-ललित गर्ग – भगवान श्रीकृष्ण हमारी संस्कृति के एक अद्भुत एवं विलक्षण राष्ट्रनायक हैं। श्रीकृष्ण का चरित्र एक लोकनायक का चरित्र है। वह द्वारिका के शासक भी है किंतु कभी उन्हंे राजा श्रीकृष्ण के रूप में संबोधित नहीं किया जाता। वह तो ब्रजनंदन है। समाज एवं राष्ट्र व्यवस्था […] The post श्रीकृष्ण सच्चे अर्थों में राष्ट्रनायक हैं appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • 11 अगस्त 2022 को रक्षाबंधन के पावन पर्व पर विशेष आलेख भारत में वैसे तो पूरे वर्ष भर ही कई प्रकार के धार्मिक, आध्यात्मिक, सामाजिक त्यौहार मनाए जाते हैं परंतु रक्षाबंधन का त्यौहार विशेष महत्व का त्यौहार माना जाता है। भारतीय सनातन हिंदू धर्म संस्कृति के अनुसार रक्षाबन्धन का त्योहार श्रावण मास की पूर्णिमा को […] The post सामाजिक समरसता को बढ़ावा देता है रक्षाबंधन का त्यौहार appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  •  राखी के त्योहार का मतलब केवल बहन की दूसरों से रक्षा करना ही नहीं होता है बल्कि उसके अधिकारो और सपनों की रक्षा करना भी भाई का कर्तव्य होता है, लेकिन क्या सही मायनों में बहन की रक्षा हो पाती है। आज के समय में राखी के दायित्वों की रक्षा करना बेहद आवश्यक हो गया […] The post भाई-बहन के अटूट रिश्ते के क्या है मायने ? appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • “वासुदेव सुतं देवम कंस चाणूर मर्दनम्,  देवकी परमानन्दं कृष्णम वन्दे जगतगुरु”  श्रीकृष्ण को विश्व का श्रेष्ठतम गुरु क्यों कहा जाता है?  शिष्य अर्जुन की खोज के कारण?  अर्जुन को कुरुक्षेत्र में ईश्वर का विराट रूप दिखा देने के कारण?  महाभारत के रणक्षेत्र में श्रीमद्भागवद्गीता रच देने के कारण?  या कथनी और करनी में भेद न […] The post श्रेष्ठ व योग्य शिष्य की खोज में रहते हैं श्रेष्ठ गुरु   appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • 13 जुलाई 2022 गुरु पूर्णिमा भारतीय सनातन हिंदू संस्कृति में आस्था रखने वाले व्यक्तियों के लिए उनके जीवन में गुरु का स्थान सबसे ऊंचा माना गया है। परम पूज्य गुरुदेव जीवन में आने वाले विभिन्न संकटों से न केवल उबारते हैं बल्कि इस जीवन को जीने की कला भी सिखाते हैं ताकि इस जीवन को […] The post गुरु समान परम पवित्र भगवा ध्वज appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • महाशिवरात्रि- 1 मार्च 2022 पर विशेष-ः ललित गर्ग:- भगवान शिव शक्ति के प्रतीक ज्योतिर्लिंग का प्रादुर्भाव फाल्गुन कृष्ण चतुर्दशी की निशीथ काल में हुआ था, वे आदिदेव है, देवों के देव है, महादेव हैं। उनके जन्मोत्सव को महाशिवरात्रि के रूप में मनाया जाता है। शिव पुराण के अनुसार सृष्टि के आरंभ में ब्रह्मा ने इसी […] The post विश्व में शांति एवं सहजीवन के प्रेरक हैं शिव appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • ग्रह स्थिति इस वर्ष 13 अप्रैल को गुरु मीन राशि में षष्ठ भाव में और 17 मार्च को राहु मेष राशि में सप्तम भाव में प्रवेश करेंगे। 29 अप्रैल को शनि कुम्भ राशि में पंचम भाव में प्रवेश करेंगे और वक्री होकर 12 जुलाई को मकर राशि में चतुर्थ भाव में आ जाएंगे। 30 सितम्बर से 21 नवम्बर तक शुक्र अस्त […] The post तुला राशि – वार्षिक राशिफल 2022 appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • -ललित गर्ग- भारतभूमि का सबसे बड़ा पर्व है दीपावली। गत दो वर्षों में हमने कोरोना महामारी के कारण यह पर्व यथोचित तरीके से नहीं मना पाये, इसलिये इस वर्ष का दीपावली पर्व अनेक दृष्टि से महत्वपूर्ण है। इस वर्ष दीपावली के महानायक श्रीराम का मन्दिर अयोध्या में बनने लगा है, इसलिये भी महत्वपूर्ण है। अयोध्या […] The post दीपावली समृद्धि ही नहीं शांति का पर्व appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • (लिमटी खरे) विज्ञान लोगों के वरदान है तो अभिषाप से कम भी नहीं है। जब से इंटरनेट आया है तब से सायबर ठगी के प्रकरणों में इजाफा हुआ है। आज के समय में आपकी पूरी दुनिया आपके मोबाईल के अंदर ही कैद होकर रह गई है। युवा वर्ग की आंखें तो दिन में छः से […] The post बहुत ही करीने से आपका पासवर्ड और कुकीज को चोरी करता है यह वायरस appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  •                                                                                                                        निर्मल रानी                                            पुरुषों द्वारा महिलाओं पर अत्याचार,उनका शोषण व उत्पीड़न करने की अनेक घटनायें आये दिन सुर्ख़ियों में रहती हैं। अक्सर महिलाओं द्वारा संगठित होकर ऐसे अपराधों व अपराधियों के विरुद्ध आवाज़ भी उठाई जाती है। ऐसे अवसरों पर महिलाओं के प्रति सहानुभूति रखने वाले व उनके मान सम्मान व महिला अधिकारों की क़द्र करने वाले तमाम पुरुष,युवक व छात्र उनके साथ उनकी आवाज़ से आवाज़ मिलाते भी देखे जाते हैं। क्योंकि हर न्यायप्रिय मानवतावादी पुरुष यह भी जानता है कि वह भी किसी महिला का पुत्र उसका भाई,पति या पिता है। महिलाओं की शिकायतों के समाधान हेतु सरकार द्वारा महिला आयोग गठित किये गये हैं। कई जगह महिला थाने बनाये गये हैं।  परन्तु हमारे ही देश में यह कहावत भी ख़ूब प्रचलित है कि औरत की सबसे बड़ी दुश्मन औरत ही होती है। ज़ाहिर है आम भारतीय परिवारों में प्रायः होने वाले सास-बहू,ननद-भाभी,जेठानी आदि से होने वाले घरेलू झगड़ों के चलते यह कहावत प्रचलन में आई होगी। यह भी सच है कि एक महिला अपनी बहू से बेटा पैदा करने के लिये जितनी आस लगाकर रखती है उतना उसका बेटा भी नहीं रखता। और ख़ुदा न ख़्वास्ता किसी औरत ने एक या दो तीन बेटियों को लगातार जन्म दे दिया तो सबसे अधिक सास की नज़रों में वह बहू खटकने लगती है। उसकी नज़रों से गिर जाती है। जहालत भरी इस सोच ने न जाने कितने घरों को बर्बाद किया है। तमाम बहुओं को इन्हीं परिस्थितियों में ख़ुदकशी तक करनी पड़ी है। नारी संबंधी अपराध की भी यदि पड़ताल करें तो हमारे ही समाज में अनेकानेक ऐसी महिलायें भी मिलेंगी जो कभी प्रेमिका के रूप में दूसरी महिला का घर उजाड़ देती हैं। कहीं महिलायें ही युवतियों को देह व्यापर में धकेल देती हैं, कहीं पेशेवर अपराधी बनकर महिलायें समाज को कलंकित करती और वह भी महिलाएं ही होती हैं जो अपने नवजात शिशुओं विशेषकर नवजात कन्याओं को कभी कूड़े के ढेर पर तो कभी नालों में कुत्तों के नोचने के लिये फेंक आती हैं। और यदि ऐसी ही विकृत व घृणित मानसिकता की कोई लड़की कॉलेज या विश्वविद्यालय तक पहुँच जाये तो कितनी ही लड़कियों की […] The post जब बेटी हो बेटी की दुश्मन,तब बेटी को कौन बचाये ? appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • डॉ. मयंक चतुर्वेदी पंजाब के मोहाली स्थित चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी में छात्राओं के नहाने का वीडियो वायरल होने पर पंजाब में ही नहीं बल्‍कि देश भर में सर्वत्र इसकी चर्चा होने के साथ ही सभ्‍य समाज बुरी तरह आक्रोशित है । घटना के सामने आने के बाद से लगातार विरोध-प्रदर्शन हो रहे हैं, किंतु हम सभी […] The post भारतीय नारी, ज्ञान परम्‍परा और देश में घट रहीं एमएमएस जैसी घटनाएं appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  •  अरुण तिवारी चरेवैति…चरेवैति – लक्ष्य मिले न मिले, चलते रहिए। इसका मतलब यह है कि चलते रहिए। चलते रहेंगे तो आपके द्वारा तय लक्ष्य मिले न मिले; कुछ न कुछ हासिल तो होगा ही। पदयात्राओं का सच यही है।यात्री कोई भी हो; यात्रा कितनी ही छोटी हो अथवा लम्बी; पदयात्राओं के महत्व को नकारा नहीं जा सकता। […] The post पदयात्रायें कुछ न कुछ तो बदलती ही हैं appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • अन्तर्राष्ट्रीय शांति एवं अहिंसा दिवस,  21 सितम्बर 2022 पर विशेषललित गर्ग विश्व शांति दिवस अथवा अंतरराष्ट्रीय शांति दिवस प्रत्येक वर्ष 21 सितम्बर को मनाया जाता है। यह दिवस सभी देशों और लोगों के बीच स्वतंत्रता, शांति, अहिंसा और खुशी का एक आदर्श माना जाता है। यह दिवस मुख्य रूप से पूरी पृथ्वी पर शांति और […] The post अहिंसा और शांति ही जीवन का सौन्दर्य है appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • शिबन कृष्ण रैणा प्रायः लोग कहते हैं कि अपने दुःख को बांटने से कोई फायदा नहीं है।लोग एक कान से सुनते हैं और दूसरे से निकाल देते हैं।ऐसे लोग रहीम का वह दोहा भी कोट करते हैं जिसमें रहीम कहते हैं कि ‘रहिमन निज मन की बिथा, मन ही राखो गोय। सुनी इठलैहैं लोग सब, […] The post श्राद्ध पक्ष से जुड़ी एक संस्मरनात्मक रचना appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  •     डॉ मयंक चतुर्वेदी भारत सरकार ने मध्य प्रदेश को विश्व की पहली अंतरमहाद्वीपीय बड़े जंगली जानवर की स्थानांतरण परियोजना के लिए चुना और देश से विलुप्त हो चुके चीतों को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा भारत के हृदय प्रदेश में बसाहट कार्य को पूर्णता प्रदान की गई। निश्चित ही मध्य प्रदेश के जो भी […] The post बाघों के बाद मध्य प्रदेश को चीतों का स्टेट बनाने के लिए धन्यवाद शिवराज जी! appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • किसी भी देश में सामाजिक परिवर्तन लाने के लिए “स्व” आधारित सामूहिक दृष्टिकोण होना आवश्यक है। भारत के संदर्भ में “स्व” का मूल हिंदुत्व में ही निहित है, और भारत में “स्व” आधारित इतिहास मिलता है। इस दृष्टि से भारतीय स्वतंत्रता संग्राम भी एक आध्यात्मिक एवं नैतिक कार्य था, क्योंकि यह भारत में पुनः सनातन […] The post भारत को पुनः विश्व गुरु बनाने हेतु नागरिकों में “स्व” का भाव जगाना आवश्यक appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • वेद प्रताप वैदिक चीन कहता है कि पाकिस्तान और उसकी दोस्ती ‘इस्पाती’ है लेकिन मेरी समझ में चीन ही उसका सबसे ज्यादा नुकसान कर रहा है। आतंकवादियों को बचाने में चीन पाकिस्तान की मदद खम ठोक कर करता है और इसी कारण पाकिस्तान को पेरिस की अंतरराष्ट्र्रीय वित्तीय संस्था (एफएटीएफ) मदद देने में देर लगाती […] The post चीन कर रहा पाक का नुकसान appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.
  • डॉ. मयंक चतुर्वेदी लखीमपुर खीरी के निघासन में पहले दो सगी बहनों को जबरन उठाकर ले जाना, फिर उनके साथ सामूहिक बलात्‍कार करना और उसके बाद उन्‍हें पेड़ से लटकाना, गला दबाकर हत्या कर देने की वारदात ने अंदर तक हिला दिया है। संयोग देखिए कि इस वीभत्स काण्ड को अंजाम देने वाले सभी आरोपी […] The post लखीमपुर खीरी की घटना बहुत कुछ कहती है appeared first on प्रवक्‍ता.कॉम – Pravakta.Com.

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